नहिं जानि कहिया धरि एना अपमान हेते
कि एहि जगमे फेर नारीके सम्मान हेते
होइत अछि पूजा लक्ष्मी आ दुर्गाके जाहि ठाम
जुल्म होइत देखलौं हम , नारीपर ओहि ठाम
कि एहि
कि एहि जगमे फेर नारीके सम्मान हेते
होइत अछि पूजा लक्ष्मी आ दुर्गाके जाहि ठाम
जुल्म होइत देखलौं हम , नारीपर ओहि ठाम
कि एहि