“काका यौ कोनो विधा लेल प्रोफेसर पैघ कि विधाकार? विधाकार माने जे ओही विधापर काज कएने हुअथि, जिनकर ओही विधाक विकासमे कोनो योगदान होइन। जे बेस मात्रामे नीक-नीक रचना ओही विधामे लिखने हुअथि वा जिनकर ओही विधामे योग्य पोथी प्रकाशित भेल होइन।”
“हमरा हिसाबे तँ विधाकार पैघ होबाक चाही।”
“तहन मंचपर ओही विधाक नाम गूगल करैबला प्रोफेसर मुख्य वक्ता कोना?”
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